लॉक डाउन ने तोड़ी गरीबों की कमर, हजारों लोग हुए बेरोजगार

कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते पूरे देश में लॉक डाउन घोषित होने के बाद भी , कई जगहों पर लोग लॉकडाउन का पालन करते नजर नहीं आए, जो ज्यादा आबादी वाले क्षेत्र हैं दिल्ली के उन में लोगों की आवाजाही दिखी। 



कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते अगर हम बात करें राजधानी दिल्ली की तो हजारों लोगों को अपने रोजगार से हाथ धोना पड़ है। दिल्ली के अंदर कई फैक्ट्रियां व कंपनियां ऐसी भी थी जहां पर काम करने वाले कर्मचारी दूसरे राज्यों के थे। जिसके बाद अब लॉक डाउन के चलते कोई भी अंतरराष्ट्रीय बस या ट्रेन उन्हें अपने घर वापस जाने के लिए नहीं मिल पा रही है। जिसके चलते ऐसे मजदूर श्रेणी के लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।


कई अन्य राज्यों से आए मजदूर तबके को अपना रोजगार खोना पड़ा है। और अपने घर वापस जा रहे हैं। परेशानी की बात यह है की लॉक डाउन के चलते सारी बसें और रेलगाड़ियां बंद है, जिसके चलते वह अपने घरों में वापस नहीं जा पा रहे हैं।  



एक दूसरा पहलू यह भी है की रोजाना मजदूरी पाने वाले लोग अब पैदल ही अपने घरों के रास्ते पर निकल पड़े हैं कोई रिक्शे से कोई साइकिल से या कोई पैदल ही चाहे हुए बिहार हो चाहे उत्तर प्रदेश या अन्य राज्य हो, जाते दिखे।


आनंद विहार बस स्टैंड व रेलवे स्टेशन सुने और खाली पड़े हैं रेलवे स्टेशन पर खाली खड़ी ट्रेनें इस बात का सबूत दे रही है की कैसे देश की रवानगी ठप पड़ी है।
वही रेल की पटरियों पर रेल की जगह लोग जाते दिखे। लोगों का कहना है कि उनके पास अब खाने पीने को पैसे नहीं बचे और जो रोजगार था वह भी खत्म हो गया है। कई लोगों ने यह भी कहा कि कोरोनावायरस से मरे या ना मरे परंतु गरीबी और बेरोजगारी से जल्दी मर जाएंगे।


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