प्लाज़्मा देने वाले जमातियों की प्रसंशा की तो IAS मोहसिन पर गिरी गाज

*प्लाज्मा देने वाले जमातियों की प्रसंशा की तो IAS मोहसिन पर गिरी गाज, नोटिस भेजकर मांगा गया जवाब*


03/05/2020  मो रिजवान 


इन दिनों मीडिया और बीजेपी की ज़बरदस्त जुगलबंदी देखने को मिल रही है। सवाल जब बीजेपी पर खड़े होते हैं तो मीडिया बचाव में उतर आता है और जब मीडिया फंसता है तो बीजेपी ढाल बन जाती है। हद तो ये है कि अब बीजेपी मीडिया से सवाल करने वालों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करती नज़र आ रही है।



कर्नाटक की बीजेपी सरकार ने मीडिया पर सवाल खड़े करने वाले आईएएस अधिकारी मोहम्मद मोहसिन पर कार्रवाई करते हुए उन्हें कारण बताओ नोटिस भेजा है। दरअसल, आईएएस अधिकारी ने एक ट्वीट कर प्लाज्मा डोनेट करने वाले जमातियों की तारीफ की थी और मीडिया को कटघरे में खड़ा किया था।


27 अप्रैल को मोहसिन ने तबलीगी जमात के उन लोगों की तारीफ़ करते हुए एक ट्वीट किया था जो कोरोना मरीजों के इलाज के लिए अपना प्लाज्मा डोनेट कर रहे हैं। उन्होंने लिखा “केवल दिल्ली में 300 से अधिक ‘तबलीगी हीरो’ देश की सेवा के लिए प्लाज्मा दान कर रहे हैं। लेकिन ‘गोदी मीडिया’ इन हीरो के मानवता कार्य को नहीं दिखाएगा।”


आईएएस अधिकारी के इसी ट्वीट के लिए कर्नाटक कि बीजेपी सरकार ने नोटिस जारी कर पांच दिन के भीतर मोहसिन से जवाब मांगा है। उन पर अखिल भारतीय सेवा के नियमों के उल्लंघन का आरोप है। जिसके चलते उन से लिखित जवाब मांगा गया है।


नोटिस में कहा गया है कि अगर वो पाँच दिनों के भीतर स्पष्टीकरण नहीं देते हैं, तो उनके खिलाफ अखिल भारतीय सेवा (अनुशासन और अपील) नियम, 1969के तहत कार्रवाई की जाएगी।


मूल रूप से बिहार के रहने वाले मोहम्मद मोहसिन इस समय पिछड़ी जाति कल्याण विभाग के सचिव के रूप में कार्यरत हैं। वो इससे पहले चर्चा में तब आए थे जब उन्होंने पिछले साल लोकसभा चुनाव के दौरान ओडिशा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हेलीकॉप्टर की जाँच करने की कोशिश की थी, जिसके लिए उन्हें बाद में निलंबित किया गया था।